सोनीपत: सोनीपत के गांव किलोहड़द में ट्रिपल आईटी की ओर जाने वाली सड़क के निर्माण में घटिया सामग्री इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने दूसरे दिन चारपाई बिछाकर शुक्रवार को विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने सड़क की परत को हाथों से उखाड़कर निर्माण सामग्री की गुणवत्ता पर सवाल उठाए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सड़क को निर्धारित मानकों के अनुसार बनाने की मांग की।

ग्रामीणों के अनुसार सड़क का निर्माण हुए अभी तीन दिन ही हुए हैं, लेकिन कई जगह इसकी परत हाथ से ही उखड़ रही है। उन्होंने करीब पांच से छह स्थानों पर सड़क की परत उखाड़कर देखी। ग्रामीणों का आरोप है कि सभी जगह निर्माण सामग्री की स्थिति एक जैसी मिली। लेयर बिछाने से पहले नीचे की सतह की ठीक से सफाई नहीं की गई और रेत के ऊपर ही सामग्री डाल दी गई।

ग्रामीण वीरेंद्र ने आरोप लगाया कि सड़क में पर्याप्त रोड़ी नहीं डाली गई और तारकोल का भी सही तरीके से इस्तेमाल नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि यह मार्ग ट्रिपल आईटी जाने का छोटा रास्ता होने के साथ आसपास के खेतों तक पहुंचने का प्रमुख रास्ता है। बारिश के बाद सड़क के और टूटने की आशंका है।

जिला पार्षद संजय बढ़वासनी ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में घटिया सामग्री की शिकायत अधिकारियों से कर काम रुकवाने की मांग की थी, लेकिन काम जारी रखा गया। उन्होंने बताया कि खराब हिस्से को दोबारा बनाने की बात कही गई, लेकिन दूसरे हिस्से में निर्माण शुरू कर पूरा मार्ग तैयार कर दिया गया। उनका आरोप है कि खराब हिस्से पर तैयार सामग्री डालने का प्रयास भी किया गया, जिसका ग्रामीणों ने विरोध किया। संजय बढ़वासनी ने निर्माण में मिलीभगत और कमीशनखोरी के आरोप लगाते हुए मामले की जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि वह मामले की शिकायत मुख्यमंत्री से करेंगे। ग्रामीणों ने सड़क दोबारा निर्धारित मानकों के अनुसार बनाने की मांग की।

मामले में लोक निर्माण विभाग के एसडीओ राकेश कुमार से फोन पर संपर्क का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। विभाग की ओर से ग्रामीणों और पार्षद के आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी।

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