मेयर जनरल जॉन केंडल ने चंडीगढ़ मिलिट्री फेस्टिवल में साझा सैन्य विरासत को सराहा
Chandigarh चंडीगढ़। आयोजित मिलिट्री लिटरेचर फेस्टिवल में ब्रिटिश सेना के मेजर जनरल जॉन केंडल ने भारतीय और ब्रिटिश सेनाओं के बीच साझा सैन्य विरासत पर प्रकाश डाला। मेजर जनरल केंडल ने कहा कि "हमें कल भारत और यूके की साझा सैन्य विरासत पर बात करने का अवसर मिला। आज हम यहाँ हथियारों का अवलोकन करने आए हैं, क्योंकि हर सैनिक राइफल, मशीन गन और रॉकेट जैसी तकनीकों में रुचि रखता है।"
उन्होंने बताया कि उन्होंने कई देशों में मिलिट्री प्रदर्शनी का अनुभव किया है और यह देखकर अच्छा लगा कि युवा दर्शक हथियारों और सैन्य उपकरणों में अत्यधिक रुचि दिखा रहे हैं। मेजर जनरल के अनुसार, फेस्टिवल में हथियारों का प्रदर्शन इतनी लोकप्रियता का कारण बन रहा है, जो उत्सुक दर्शकों और युवा पीढ़ी में सैन्य ज्ञान बढ़ाने में सहायक है।
फेस्टिवल में आधुनिक सैन्य उपकरणों और हथियारों के प्रदर्शन के साथ-साथ सैन्य इतिहास, रणनीति और युद्ध तकनीक पर चर्चा आयोजित की जा रही है। आयोजन का उद्देश्य न केवल सेना की क्षमता और तकनीक को दिखाना है, बल्कि युवाओं और आम जनता को सैन्य विरासत और देशभक्ति से जोड़ना भी है।
मेजर जनरल जॉन केंडल ने कहा कि इस तरह के आयोजन से दो देशों की सेनाओं के बीच अनुभव और विचारों का आदान-प्रदान संभव होता है। इसके अलावा, युवाओं में सैन्य करियर और सुरक्षा के प्रति जागरूकता भी बढ़ती है। उन्होंने यह भी बताया कि फेस्टिवल में दिखाए गए हथियार और उपकरण न केवल तकनीकी दृष्टि से रोचक हैं, बल्कि सैन्य रणनीति और युद्ध कौशल के अध्ययन के लिए भी महत्वपूर्ण हैं।
चंडीगढ़ मिलिट्री लिटरेचर फेस्टिवल ने युवाओं, विशेषज्ञों और सैनिकों को एक मंच पर लाकर सैन्य ज्ञान और संस्कृति को साझा करने का अवसर प्रदान किया। इस आयोजन ने यह दिखाया कि सैनिकों और आम जनता दोनों के लिए सैन्य विरासत और आधुनिक उपकरणों की समझ कितनी महत्वपूर्ण है।