Haryana हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राज्य को नशा-मुक्त बनाने के लिए सात-सूत्रीय कार्य योजना बताई है। उन्होंने नशीली दवाओं की तस्करी रोकने, इलाज और पुनर्वास सेवाओं का विस्तार करने, जागरूकता बढ़ाने और युवाओं को खेल व अन्य रचनात्मक गतिविधियों में शामिल करने के लिए मिलकर प्रयास करने का आह्वान किया। आज 'संकल्प सोसाइटी' की पहली बैठक की अध्यक्षता करते हुए, सैनी ने अधिकारियों को युवाओं को नशे की लत से बचाने के लिए एक व्यापक रणनीति तैयार करने का निर्देश दिया। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि सरकार के प्रयासों को समाज के सभी वर्गों की सक्रिय भागीदारी का समर्थन मिलना चाहिए।
इन सात मुख्य 'संकल्पों' में शामिल हैं: पुलिस थानों के अधिकार क्षेत्र को नशा-मुक्त बनाना, ज़िला स्तर पर नशीली दवाओं की तस्करी के नेटवर्क को खत्म करना, केमिस्ट की दुकानों से नशीली दवाओं की बिक्री रोकना, नशे के खिलाफ लड़ाई में परिवार का सहयोग सुनिश्चित करना, अस्पतालों में इलाज की सुविधाएँ पक्की करना, स्कूलों में नशे के प्रति जागरूकता और काउंसलिंग को मज़बूत करना, और युवाओं के लिए खेल व अन्य सकारात्मक गतिविधियों में भाग लेने के अवसर बढ़ाना।
मुख्यमंत्री ने पुलिस को निर्देश दिया कि वे यह सुनिश्चित करें कि जाँच में ज़ब्त की गई नशीली दवाओं के स्रोत का पता चले और उनकी सप्लाई में शामिल नेटवर्क की पहचान हो। उन्होंने तस्करी के रास्तों और सप्लाई चेन पर कड़ी नज़र रखने, प्रभावी जाँच करने और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ पुलिस के साथ मिलकर उचित कानूनी कार्रवाई करने का भी आह्वान किया।