गांधीनगर : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 और 31 अक्टूबर को गुजरात के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे एकता नगर में आयोजित कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। प्रधानमंत्री 30 अक्टूबर की शाम करीब 8:15 बजे नर्मदा आरती में शामिल होंगे। इससे पहले वे भारत पर्व 2026 का उद्घाटन करेंगे और एकता प्रकाश पर्व का अवलोकन करेंगे। प्रधानमंत्री का यह दौरा राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर आयोजित समारोहों और विभिन्न विकास परियोजनाओं के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा जारी आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार, पीएम मोदी शुक्रवार, 30 अक्टूबर की सुबह गुजरात के बनासकांठा पहुंचेंगे। यहां वे पशुपालन, कृषि, परिवहन और बुनियादी ढांचे से जुड़ी कई परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास करेंगे। इसके बाद वे एकता नगर पहुंचेंगे, जहां शाम से सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला शुरू होगा।
प्रधानमंत्री शाम करीब पांच बजे भारत पर्व 2026 का उद्घाटन करेंगे। इसके बाद शाम 7:45 बजे एकता प्रकाश पर्व का अवलोकन करेंगे। रात लगभग 8:15 बजे उनका नर्मदा आरती में शामिल होने का कार्यक्रम निर्धारित है। नर्मदा नदी के तट पर होने वाली आरती धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से विशेष महत्व रखती है।
नर्मदा नदी को भारतीय संस्कृति में पवित्र नदियों में से एक माना जाता है। गुजरात सहित देश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु नर्मदा के दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते हैं। एकता नगर में आयोजित नर्मदा आरती पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों का भी महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है। यहां आने वाले पर्यटक स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के भ्रमण के साथ नर्मदा घाट पर आयोजित आरती का अनुभव भी प्राप्त करते हैं।
प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए एकता नगर में प्रशासनिक तैयारियों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इस आयोजन में पर्यटकों और आमंत्रित अतिथियों की उपस्थिति के मद्देनजर सुरक्षा, यातायात और आयोजन स्थल की व्यवस्थाएं महत्वपूर्ण रहेंगी। हालांकि, आम लोगों के प्रवेश और विशेष यातायात प्रतिबंधों के संबंध में स्थानीय प्रशासन की आधिकारिक सलाह का पालन करना आवश्यक होगा।
प्रधानमंत्री के गुजरात दौरे का एक प्रमुख आकर्षण भारत पर्व 2026 भी होगा। इस महोत्सव का आयोजन भारत की सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्रीय एकता को प्रदर्शित करने के उद्देश्य से किया जा रहा है। भारत पर्व में विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों की लोककलाओं, पारंपरिक नृत्यों, खानपान, हस्तशिल्प और पर्यटन स्थलों को प्रदर्शित करने की योजना है।
यह आयोजन 30 अक्टूबर से 15 नवंबर 2026 तक चलेगा। इसका उद्देश्य पर्यटकों को एक ही स्थान पर देश की अलग-अलग सांस्कृतिक परंपराओं से परिचित कराना है। साथ ही स्थानीय पर्यटन गतिविधियों और संबंधित व्यवसायों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
एकता प्रकाश पर्व भी प्रधानमंत्री के दौरे का विशेष आकर्षण रहेगा। इस आयोजन में अत्याधुनिक प्रकाश व्यवस्था के माध्यम से भारत की सभ्यता, विविधता और आधुनिक विकास को प्रदर्शित किया जाएगा। करीब 530 मीटर लंबे वैली ऑफ फ्लावर्स रोड पर आकर्षक रोशनी की व्यवस्था की गई है। इसका विषय प्राचीन भारत से आधुनिक भारत की यात्रा पर आधारित है।
इसके अलावा 180 मीटर लंबी ग्लो टनल भी तैयार की गई है, जिसमें देश के विभिन्न क्षेत्रों की संस्कृति, वास्तुकला, लोकनृत्य और जीवनशैली की झलक देखने को मिलेगी। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस आयोजन में 1.5 करोड़ से अधिक एलईडी लाइटों का उपयोग किया गया है। देश के विभिन्न हिस्सों से आए कलाकारों की कलाकृतियां भी प्रदर्शित की जाएंगी।
प्रधानमंत्री मोदी 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के अवसर पर आयोजित राष्ट्रीय एकता दिवस समारोह में शामिल होंगे। इस दिन सुबह लगभग नौ बजे वे स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पर पुष्पांजलि अर्पित करेंगे। इसके बाद सुबह करीब 9:15 बजे एकता नगर में 400 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे।
इन परियोजनाओं में सीवेज और जल उपचार संयंत्र, नर्मदा घाट का उन्नयन, आईआरसीटीसी होटल, रेन फॉरेस्ट और अन्य पर्यटक सुविधाएं शामिल हैं। प्रधानमंत्री एकता नगर में विकसित रेन फॉरेस्ट तथा वामन वृक्ष वाटिका का भी दौरा करेंगे। इन परियोजनाओं का उद्देश्य क्षेत्र में पर्यटक सुविधाओं का विस्तार करना और पर्यावरण के अनुकूल विकास को बढ़ावा देना है।
राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर शाम करीब 5:30 बजे आयोजित कार्यक्रम में प्रधानमंत्री भाग लेंगे। इस समारोह में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों, राज्य पुलिस बलों और केंद्रीय पुलिस संगठनों की भागीदारी के साथ एकता परेड आयोजित होगी। परेड में सुरक्षा बलों के अनुशासन, साहस और विभिन्न क्षेत्रों में उनके योगदान को प्रदर्शित किया जाएगा।
इस वर्ष के समारोह में वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित क्षेत्रों में आए बदलाव पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय की ओर से लगभग दो हजार कलाकारों की भागीदारी वाला विशेष नाट्य प्रदर्शन प्रस्तावित है। इसके अतिरिक्त करीब पांच हजार कलाकार देश की विविध शास्त्रीय और लोक कलाओं की प्रस्तुति देंगे।
प्रधानमंत्री का यह दौरा विकास परियोजनाओं के लिहाज से भी महत्वपूर्ण है। 30 अक्टूबर की सुबह बनासकांठा में वे 14 हजार करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन, शिलान्यास और लोकार्पण करेंगे। इसके अलावा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 24वीं किस्त के तहत लगभग 19 हजार करोड़ रुपये जारी करने का कार्यक्रम भी निर्धारित है।
एकता नगर में नर्मदा आरती, भारत पर्व, एकता प्रकाश पर्व और राष्ट्रीय एकता दिवस के कार्यक्रमों के माध्यम से सांस्कृतिक विरासत, पर्यटन और विकास गतिविधियों को एक साथ प्रस्तुत किया जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी के दो दिवसीय दौरे में धार्मिक कार्यक्रमों के साथ राष्ट्रीय एकता और बुनियादी ढांचे से जुड़ी परियोजनाएं प्रमुख स्थान पर रहेंगी।
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