ममता ने इस दौरान अपनी पार्टी टीएमसी का नया अर्थ भी बताया। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी के नाम टीएमसी में 'टी' का अर्थ टैंपल (मंदिर), 'एम' का मास्क (मस्जिद) और 'सी' का चर्च (गिरजाघर) है। उन्होंने कहा कि मैं धर्मनिरपेक्षता और एकता में विश्वास रखती हूं। उनकी पार्टी लोगों को धार्मिक आधार पर नहीं बांटती। गौरतलब है कि ममता अपने दौरे के दूसरे दिन गोवा के तीन मंदिरों में भी गईं और पूजा- अर्चना की। इससे पहले बंगाल चुनाव के दौरान भी ममता मंदिरों में गईं थी। इधर, ममता गोवा में जिन- जिन स्थानों का दौरा किया वहां जय श्रीराम के पोस्टर भी लगा दिए गए थे। इससे पहले ममता ने भाजपा पर राज्य में उनके पोस्टर हटाने का आरोप लगाया और कहा कि भारत के लोग भगवा पार्टी को हटा देंगे।
कांग्रेस पर भी किया ममता ने हमला
गोवा दौरे में ममता ने कांग्रेस पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने 60-70 साल तक चुनाव लड़ा है। पिछली बार (2017 के गोवा चुनाव में) आपने (कांग्रेस ने) भाजपा को सरकार बनाने का मौका दे दिया था। वे दोबारा ऐसा कर सकते हैं। हम उन पर कैसे भरोसा कर सकते हैं? टीएमसी गोवा के लिए अपना खून देने को तैयार है, लेकिन यह भाजपा के साथ समझौता नहीं करेगी। ममता ने इससे पहले दिन में वहां मछुआरा समुदाय के साथ भी संवाद किया और शाम में बुद्धिजीवियों के साथ बैठक कीं।
टेनिस स्टार लिएंडर पेस और अभिनेत्री नफीसा अली टीएमसी में शामिल
दिग्गज टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस गोवा में बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की उपस्थिति में शुक्रवार को तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में शामिल हो गए। इससे पहले अनुभवी बालीवुड अभिनेत्री व 2004 में दक्षिण कोलकाता लोकसभा सीट से ममता के खिलाफ कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ने वाली नफीसा अली और मृणालिनी देशप्रभु ने भी इस दिन तृणमूल का दामन थामा। नफीसा ने समाजवादी पार्टी के टिकट पर 2009 में लखनऊ से भी चुनाव लड़ा था लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था और बाद में वह फिर कांग्रेस में शामिल हो गईं थी। ममता ने तीनों का पार्टी में स्वागत किया। इस दौरान ममता ने कहा कि यह बताते हुए खुशी हो रही है कि लिएंडर पेस टीएमसी में शामिल हो गए हैं। वे मेरे छोटे भाई की तरह हैं। मैं उन्हें तब से जानती हूं, जब मैं देश की खेल मंत्री थीं और वे काफी युवा थे। वहीं, टीएमसी में शामिल होने के बाद 48 वर्षीय पेस ने कहा कि अब मैंने टेनिस से संन्यास ले लिया है। मैं राजनीति के माध्यम से लोगों की सेवा करना चाहता हूं। देश में बदलाव लाने के लिए दीदी (ममता बनर्जी) एक सच्ची चैंपियन हैं।