मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने लोक उत्सव 2026 में लिया हिस्सा, सांस्कृतिक धरोहर और लोककलाओं को बढ़ावा
Goa गोवा: मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने राज्य की सांस्कृतिक धरोहर और लोककलाओं को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित लोक उत्सव 2026 में हिस्सा लिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया और राज्य की विभिन्न पारंपरिक कलाओं, संगीत, नृत्य और हस्तशिल्प के प्रदर्शन का निरीक्षण किया।
लोक उत्सव में राज्य भर के कलाकारों ने भाग लिया और दर्शकों के बीच गोवा की सांस्कृतिक विविधता को प्रस्तुत किया। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित कलाकारों और आयोजकों के साथ संवाद किया और कहा कि ऐसी पहलें न केवल स्थानीय कला और संस्कृति को जीवित रखती हैं, बल्कि पर्यटन को भी बढ़ावा देती हैं।
सावंत ने कहा कि सरकार लोक कलाओं और कलाकारों के लिए हर संभव सहयोग सुनिश्चित कर रही है। उन्होंने राज्य के युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने और पारंपरिक कलाओं को नए आयाम देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोक उत्सव न केवल मनोरंजन का मंच है, बल्कि यह सामाजिक और सांस्कृतिक समरसता का प्रतीक भी है।
कार्यक्रम में विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनमें गोवा के पारंपरिक नृत्य, लोकगीत, संगीत और हाथ से बने शिल्प प्रदर्शन शामिल थे। राज्य सरकार की पहल से इन आयोजनों में स्थानीय समुदाय की भागीदारी बढ़ रही है और युवा कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल रहा है।
लोक उत्सव का आयोजन पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र भी बना। मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि ऐसे कार्यक्रम राज्य के सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा देने में सहायक हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार भविष्य में और अधिक बड़े पैमाने पर लोक कला और सांस्कृतिक आयोजनों को प्रोत्साहित करेगी।
इस अवसर पर राज्य के सांस्कृतिक अधिकारियों, समाजसेवी और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान कलाकारों को सम्मानित किया गया और उनकी सेवाओं के लिए आभार व्यक्त किया गया।
गोवा सरकार का लक्ष्य है कि ऐसे उत्सवों के माध्यम से लोक कला को नई पीढ़ी तक पहुँचाया जाए और राज्य की सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित किया जाए। लोक उत्सव 2026 राज्य के सांस्कृतिक कैलेंडर का प्रमुख हिस्सा बन गया है और आने वाले वर्षों में इसे और व्यापक बनाने की योजना है।