GOA गोवा: मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत ने 'गोवा चिल्ड्रन (संशोधन) बिल, 2026' में एक छोटा सा बदलाव करने की घोषणा की है। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस का पालन करते हुए प्रस्तावित कानून से "कुष्ठ रोग" (leprosy) शब्द को हटा दिया गया है।
मीडिया से बात करते हुए डॉ. सावंत ने कहा कि यह संशोधन बिल को सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप बनाने के लिए किया गया है। इन निर्देशों का मकसद कानूनों और सरकारी दस्तावेजों से पुराने और भेदभावपूर्ण शब्दों को हटाना है।
मुख्यमंत्री ने इस बदलाव को एक छोटा सा संशोधन बताया। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि कानून मौजूदा कानूनी मानकों के अनुरूप हो और एक समावेशी व भेदभाव-रहित दृष्टिकोण को बढ़ावा दे।
अब अपडेटेड 'गोवा चिल्ड्रन (संशोधन) बिल, 2026' में सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस के अनुसार बदली हुई शब्दावली शामिल होगी।