Bilaspur. बिलासपुर। शहर के सरकंडा थाना क्षेत्र अंतर्गत मेघदूत नगर में एक बड़ी लापरवाही के चलते आगजनी की घटना सामने आई है, जिसमें कचरे में लगी आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पास खड़ी दो कारों को अपनी चपेट में ले लिया। देखते ही देखते दोनों वाहन पूरी तरह जलकर खाक हो गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मेघदूत नगर इलाके में सड़क किनारे जमा कचरे के ढेर में अज्ञात कारणों से आग लग गई। शुरुआत में आग छोटी थी और लोगों ने इसे सामान्य समझकर ज्यादा ध्यान नहीं दिया, लेकिन कुछ ही देर में तेज हवा और सूखे कचरे के कारण आग तेजी से फैलने लगी। आग की लपटें ऊंची उठने लगीं और देखते ही देखते पास खड़ी गाड़ियों तक पहुंच गईं।
आग की चपेट में वहां खड़ी एक आल्टो 800 और एक स्विफ्ट डिजायर कार आ गईं। आग इतनी तेजी से फैली कि वाहन मालिकों को संभलने का मौका तक नहीं मिला। कुछ ही मिनटों में दोनों कारों में भीषण आग लग गई और वे पूरी तरह जलकर खाक हो गईं। घटना के दौरान इलाके में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग इतनी भीषण थी कि कोई भी उसके करीब जाने की हिम्मत नहीं जुटा सका। लोगों ने तुरंत दमकल विभाग को सूचना दी, जिसके बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक दोनों कारें पूरी तरह जल चुकी थीं और केवल उनका ढांचा ही शेष बचा था। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यदि समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता तो यह आसपास के मकानों और अन्य वाहनों तक भी फैल सकती थी, जिससे बड़ा नुकसान हो सकता था। इस घटना ने इलाके में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल आग लगने के सटीक कारणों का पता नहीं चल पाया है, लेकिन प्रारंभिक जांच में यह माना जा रहा है कि कचरे में लगी आग ही इस हादसे की मुख्य वजह बनी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे कचरे में आग लगाने जैसी लापरवाही न करें, क्योंकि इससे इस तरह की खतरनाक घटनाएं हो सकती हैं। साथ ही, नगर निगम से भी कचरा प्रबंधन और सफाई व्यवस्था को और बेहतर करने की मांग उठने लगी है। यह घटना शहर में बढ़ती लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी की ओर इशारा करती है। समय रहते जागरूकता और सख्ती नहीं बरती गई तो ऐसे हादसे भविष्य में और भी गंभीर रूप ले सकते हैं।