Raipur. रायपुर। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने आदतन एवं कुख्यात अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को जिलाबदर कर दिया है। गंभीर और लगातार आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त पाए गए विकास उर्फ भीम उर्फ रावण मधुकर और ओम दुबे उर्फ प्रथम दुबे को छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1990 की धारा 5(क)(ख) के तहत रायपुर समेत आसपास के पांच अन्य जिलों की राजस्व सीमाओं से निष्कासित किया गया है। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी हत्या के प्रयास, दुष्कर्म, अवैध हथियार, मारपीट, धमकी और मादक पदार्थों से जुड़े गंभीर मामलों में संलिप्त रहे हैं। लगातार आपराधिक गतिविधियों और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई के बावजूद आचरण में सुधार नहीं होने के कारण पुलिस कमिश्नरेट ने यह कार्रवाई की है।
पुलिस कमिश्नर ने आपराधिक रिकॉर्ड की समीक्षा के बाद लिया फैसला
पुलिस कमिश्नर रायपुर डॉ. संजीव शुक्ला ने संबंधित पुलिस उपायुक्तों के प्रतिवेदन, आरोपियों के आपराधिक इतिहास, प्रकरणों में उपलब्ध साक्ष्य और गवाहों के कथनों का परीक्षण करने के बाद जिलाबदर के आदेश जारी किए। आदेश के तहत दोनों आरोपियों को रायपुर, दुर्ग, धमतरी, महासमुंद, बलौदाबाजार और गरियाबंद जिलों की राजस्व सीमाओं से बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं। जिलाबदर की अवधि पूरी होने तक दोनों आरोपी सक्षम न्यायालय की अनुमति के बिना इन जिलों की सीमाओं में प्रवेश नहीं कर सकेंगे।
विकास मधुकर पर 9 गंभीर मामले दर्ज
पहले आरोपी विकास उर्फ भीम उर्फ रावण मधुकर, पिता रामसेवा मधुकर, उम्र 26 वर्ष, निवासी इंदिरा नगर, शुक्रवारी बाजार, बीरगांव, थाना उरला, जिला रायपुर के खिलाफ वर्ष 2018 से लगातार आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने का रिकॉर्ड सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, विकास के विरुद्ध थाना उरला में नाबालिग से दुष्कर्म, अश्लील गाली-गलौज, मारपीट, जान से मारने की धमकी, अवैध हथियार रखने और जुआ खेलने जैसे गंभीर अपराधों के कुल 9 प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि आरोपी की आपराधिक गतिविधियों के कारण क्षेत्र में भय और आतंक का वातावरण निर्मित हो रहा था। इससे लोक शांति और जनसुरक्षा प्रभावित होने की स्थिति को देखते हुए उसके खिलाफ जिलाबदर की कार्रवाई की गई। आदेश के अनुसार विकास मधुकर को छह जिलों की राजस्व सीमाओं से 3 माह के लिए निष्कासित किया गया है।
ओम दुबे पर 11 आपराधिक मामले
दूसरे आरोपी ओम दुबे उर्फ प्रथम दुबे, पिता राजीव दुबे, उम्र 25 वर्ष, निवासी मोतीलाल नगर, सरस्वती नगर, थाना डी.डी. नगर, रायपुर के खिलाफ वर्ष 2017 से आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रहने का उल्लेख किया गया है। पुलिस के अनुसार, ओम दुबे के खिलाफ थाना डी.डी. नगर में हत्या के प्रयास, मारपीट, अश्लील गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी, आपराधिक अभित्रास, अवैध हथियार रखने और अवैध गांजा बिक्री सहित गंभीर अपराधों के कुल 11 प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी के खिलाफ पहले भी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई, लेकिन उसके आचरण में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। लगातार आपराधिक गतिविधियों और उसके कृत्यों से आम लोगों में भय का माहौल बनने के कारण उसके खिलाफ जिलाबदर का आदेश जारी किया गया। ओम दुबे को रायपुर समेत दुर्ग, धमतरी, महासमुंद, बलौदाबाजार और गरियाबंद की राजस्व सीमाओं से 4 माह के लिए निष्कासित किया गया है।
अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई जारी
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट का कहना है कि आदतन और असामाजिक आपराधिक तत्वों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। पुलिस द्वारा आपराधिक रिकॉर्ड की समीक्षा कर ऐसे लोगों के खिलाफ वैधानिक और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की जा रही है, जिनकी गतिविधियों से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और आमजन की सुरक्षा प्रभावित होने की आशंका है। जिलाबदर की कार्रवाई का उद्देश्य ऐसे आदतन अपराधियों की गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण रखना और क्षेत्र में लोक शांति एवं जनसुरक्षा बनाए रखना है।