तेज आवाज में डीजे बजाने पर पुलिस ने साउंड संचालक के खिलाफ कार्रवाई, DJ जब्त
छग
Bilaspur. बिलासपुर। जिले के तखतपुर थाना क्षेत्र में एक साउंड संचालक को तेज आवाज में डीजे बजाने के कारण पुलिस ने कोलाहल नियंत्रण अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से साउंड सिस्टम जब्त कर मामला दर्ज किया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम कुंआ में डीजे संचालक बिना अनुमति और आवश्यक दस्तावेजों के अत्यधिक तेज आवाज में साउंड सिस्टम चला रहा था। आसपास के लोग इसकी शिकायत कर चुके थे, जिसके बाद तखतपुर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच में पाया गया कि नियमों का उल्लंघन किया गया था और ध्वनि स्तर कानूनी सीमा से अधिक था।
आरोपी की पहचान ज्ञान प्रकाश कैवर्त (22 वर्ष), निवासी ग्राम मोढे थाना तखतपुर के रूप में हुई है। वह वाहन क्रमांक CG 10 AR 8856 में साउंड सिस्टम लगाकर सार्वजनिक स्थान पर डीजे चला रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 की धारा 15 के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से कुल 4 बेस बॉक्स, 2 टॉप बॉक्स, 2 हाई ट्यूटर, 2 एम्पलीफायर और 2 पार लाइट जब्त किए। इस कार्रवाई में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) और एसडीओपी कोटा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी तखतपुर की टीम ने सक्रिय भूमिका निभाई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर के निर्देश पर यह कार्रवाई सुनिश्चित की गई।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कानून के अनुसार सार्वजनिक स्थानों पर ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करना आवश्यक है। तेज आवाज में डीजे बजाने से न केवल नागरिकों की सुविधा बाधित होती है, बल्कि स्वास्थ्य और मानसिक संतुलन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। ऐसे में नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना पुलिस की जिम्मेदारी है। स्थानीय लोगों ने भी पुलिस की कार्रवाई की सराहना की है और कहा कि यह कदम अन्य लोगों के लिए चेतावनी का काम करेगा। पुलिस ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी सार्वजनिक स्थानों पर ध्वनि प्रदूषण फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
यह घटना यह भी दर्शाती है कि बिलासपुर जिले में पुलिस प्रशासन नागरिकों की सुरक्षा और शांति बनाए रखने के लिए सतर्क है। पुलिस ने अपील की है कि लोग नियमों का पालन करें और सार्वजनिक स्थानों पर ध्वनि स्तर कानूनी सीमा में रखें। इस कार्रवाई के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि चाहे त्योहार या कार्यक्रम हो, कानून का उल्लंघन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। स्थानीय प्रशासन और पुलिस की सक्रियता से जिले में शांति और नियमों का पालन सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।