पीएमश्री स्कूल चकरभाठा में सीपेज का मामला, संभागायुक्त ने दी मरम्मत और आधुनिक सुविधाओं के निर्देश
छग
Bilaspur. बिलासपुर। संभागायुक्त Sunil Jain ने बुधवार को पीएमश्री स्कूल चकरभाठा का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्कूल की 16 कक्षाओं वाली इमारत की दीवारों पर सीपेज की समस्या मिली, जिस पर संभागायुक्त ने नए शैक्षणिक सत्र से पहले भवन की मरम्मत और सीपेज को दूर करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। निरीक्षण के दौरान संभागायुक्त ने प्राचार्य से कक्षाओं की स्थिति, शिक्षण व्यवस्था और स्कूल में उपलब्ध सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने पढ़ाई की गुणवत्ता बढ़ाने और छात्रों को बेहतर शिक्षण वातावरण प्रदान करने पर जोर दिया। इसके साथ ही स्कूल परिसर में बच्चों के लिए खेल और व्यायाम की सुविधा विकसित करने के सुझाव भी दिए। उन्होंने स्कूल भवन के पीछे गार्डन और ओपन जिम बनाने का प्रस्ताव रखा।
संभागायुक्त ने शिक्षकों के रिक्त पदों और शिक्षण स्टाफ की स्थिति की जानकारी ली और कहा कि रिक्तियों को जल्द भरकर शैक्षणिक गतिविधियों को बेहतर बनाना जरूरी है। इसके अलावा, उन्होंने स्कूल की लैब और लाइब्रेरी का निरीक्षण भी किया। लाइब्रेरी को सुव्यवस्थित और हाईटेक बनाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने यह भी कहा कि सभी शैक्षणिक व्यवस्थाओं को ऑनलाइन किया जाए, ताकि छात्रों और शिक्षकों के लिए संसाधन आसानी से उपलब्ध हों। इस निरीक्षण के दौरान संभागायुक्त ने स्कूल परिसर में मिनी स्टेडियम बनाने के भी निर्देश दिए। यह कदम छात्रों को खेलों और शारीरिक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करेगा। संभागायुक्त ने कहा कि शैक्षणिक गुणवत्ता के साथ-साथ स्कूल में आधुनिक सुविधाओं का विकास भी प्राथमिकता होनी चाहिए।
निरीक्षण के दौरान डिप्टी कमिश्नर Smriti Tiwari, समग्र शिक्षा के जिला समन्वयक Om Pandey और स्कूल प्राचार्य सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। सभी अधिकारियों को संभागायुक्त ने निर्देश दिए कि वे स्कूल की मरम्मत और सुविधाओं के विकास पर नियमित निगरानी रखें और कार्य की प्रगति की रिपोर्ट समय-समय पर प्रस्तुत करें। संभागायुक्त ने कहा कि छात्रों के शैक्षणिक अनुभव और सुरक्षा दोनों ही प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने स्कूल प्रशासन से कहा कि सीपेज जैसी समस्याओं के लिए समय पर कार्रवाई सुनिश्चित करें और भवन की संरचनात्मक मजबूती को बनाए रखा जाए।
इस औचक निरीक्षण के दौरान स्कूल के शैक्षणिक वातावरण, कक्षाओं की स्थिति, लाइब्रेरी और लैब की व्यवस्थाओं का गहन अध्ययन किया गया। अधिकारियों ने सुनिश्चित किया कि छात्रों के लिए सुरक्षित, स्वच्छ और प्रेरक वातावरण उपलब्ध हो। संभागायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नए शैक्षणिक सत्र से पहले सभी मरम्मत कार्य और सुविधाओं का विकास सुनिश्चित किया जाए ताकि स्कूल छात्रों के लिए बेहतर शिक्षा और विकास का केंद्र बन सके।