पद्मश्री सुरेंद्र दुबे के प्रखर हास्यबोध सदा जीवित रहेंगे : अजय चंद्राकर
रायपुर। बीजेपी विधायक अजय चंद्राकर ने आज पद्मश्री सुरेंद्र दुबे के परिजनों से मुलाकात की, और कहा, आज शब्द मौन हैं, व्यंग्य निर्वाक है, और कविता शोकसागर में डूबी हुई है। हमने केवल एक देह को खोया है, लेकिन पद्मश्री सुरेंद्र दुबे जी की रचनाएँ, उनके विचार और उनका प्रखर हास्यबोध सदा जीवित रहेंगे।
आज रायपुर स्थित उनके निवास पहुँचकर शोकाकुल परिजनों से भेंट की, दुख की इस घड़ी में उन्हें ढांढस बंधाया। छत्तीसगढ़ की साहित्यिक और सांस्कृतिक चेतना को अंतरराष्ट्रीय पटल पर प्रतिष्ठा दिलाने वाले पद्मश्री श्रद्धेय सुरेंद्र दुबे जी युगों तक स्मृतियों में जीवित रहेंगे।