Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर के टिकरापारा थाना क्षेत्र में एक युवती से कथित धोखाधड़ी, ब्लैकमेल और जबरन निकाह कराने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 547/2026 दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में जून माह में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 308(2), 351(2) और 64(2)(m) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है। शिकायत के अनुसार, एक शादीशुदा युवक पर आरोप है कि उसने युवती को बहला-फुसलाकर और दबाव बनाकर अपने साथ ले गया। पीड़िता का आरोप है कि युवक ने अपनी वैवाहिक स्थिति छिपाई और उसे धोखे में रखकर कथित रूप से जबरन धर्म परिवर्तन कर निकाह कराया।
पीड़िता ने अपने परिजनों के साथ टिकरापारा थाना पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में युवती ने आरोप लगाया है कि आरोपी युवक शेख मुख्तार ने उससे करीब 45 लाख रुपये के जेवर और अन्य सामान ले लिए। युवती का आरोप है कि आरोपी ने उसके निजी और अश्लील वीडियो बनाकर उसे ब्लैकमेल किया, जिसके कारण वह डर और दबाव में लगातार आरोपी को पैसे और सामान देती रही। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपी युवक पहले से शादीशुदा था और उसने अपनी पहली पत्नी को भी कथित रूप से धोखे में रखा। पीड़िता का आरोप है कि इस पूरे मामले में युवक के परिवार के कुछ सदस्य भी शामिल रहे और उन्होंने आरोपी का साथ दिया।
पीड़िता ने पुलिस से मामले में आरोपी युवक के साथ-साथ उसके परिवार के अन्य सदस्यों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, अभी तक पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। अन्य लोगों की भूमिका को लेकर जांच जारी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में शिकायत के आधार पर प्रकरण दर्ज किया गया है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। जांच के दौरान मिले साक्ष्य, बयान और अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
इस मामले में पुलिस डिजिटल साक्ष्यों, लेन-देन से जुड़े दस्तावेजों और अन्य जानकारी की भी जांच कर सकती है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी व्यक्ति की संलिप्तता सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। राजधानी में सामने आए इस मामले के बाद महिला सुरक्षा और ब्लैकमेलिंग जैसे अपराधों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। पुलिस लगातार लोगों से अपील करती रही है कि यदि कोई व्यक्ति किसी भी तरह के दबाव, धोखे या ब्लैकमेल का शिकार होता है तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। कानून विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे मामलों में पीड़ित द्वारा उपलब्ध कराए गए साक्ष्य जैसे मोबाइल रिकॉर्डिंग, चैट, आर्थिक लेन-देन और अन्य दस्तावेज जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। फिलहाल टिकरापारा पुलिस मामले की विवेचना में जुटी हुई है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही मामले से जुड़े सभी तथ्यों की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।