Surguja/Balrampur. सरगुजा/बलरामपुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिला मुख्यालय में एक घर के पीछे बने मुर्गी बाड़े में विशालकाय अजगर घुसने से हड़कंप मच गया। अजगर ने बाड़े में मौजूद छह मुर्गियों को अपना निवाला बना लिया। घर के अंदर इतने बड़े आकार के अजगर को देखकर परिवार के लोग डर गए और उन्होंने तत्काल आसपास के लोगों को सूचना दी। इसके बाद वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर अजगर का सुरक्षित रेस्क्यू किया और उसे जंगल में छोड़ दिया। जानकारी के अनुसार यह घटना बलरामपुर जिला मुख्यालय की है। अजगर रमेश एक्का और सुरेश एक्का के घर के पीछे बने उस हिस्से में पहुंच गया था, जहां मुर्गियों का बाड़ा बनाया गया था। बताया जा रहा है कि अजगर ने बाड़े में घुसने के बाद एक-एक कर छह मुर्गियों को निगल लिया।
मुर्गियों की आवाज से परिवार को हुआ शक
परिवार के लोगों को शुरुआत में कुछ पता नहीं चला। लेकिन मुर्गियों की छटपटाहट और लगातार आ रही आवाजों से उन्हें किसी अनहोनी की आशंका हुई। जब घर के लोग मुर्गी बाड़े की तरफ पहुंचे तो वहां का नजारा देखकर उनके होश उड़ गए। बाड़े के अंदर एक विशाल अजगर कुंडली मारकर बैठा था। उसका पेट काफी फूला हुआ था, जिससे अंदाजा लगाया गया कि उसने मुर्गियों को निगल लिया है। घर के अंदर इतने बड़े अजगर को देखकर परिवार के सदस्य घबरा गए। इसके बाद उन्होंने आसपास के लोगों को इसकी जानकारी दी। कुछ ही देर में मौके पर बड़ी संख्या में लोग पहुंच गए और अजगर को देखने के लिए भीड़ जमा हो गई।
वन विभाग को दी गई सूचना
स्थिति को देखते हुए किसी ग्रामीण ने समझदारी दिखाते हुए वन विभाग को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची। टीम के साथ अनुभवी स्नेक कैचर भी मौजूद थे। रेस्क्यू टीम ने सबसे पहले मौके पर जमा भीड़ को दूर कराया, ताकि अजगर को पकड़ने के दौरान किसी प्रकार की परेशानी या खतरा न हो। विशाल आकार के कारण अजगर का रेस्क्यू आसान नहीं था और टीम को काफी सावधानी बरतनी पड़ी।
काफी मशक्कत के बाद पकड़ा गया अजगर
स्नेक कैचर ने पूरी सतर्कता के साथ रेस्क्यू अभियान शुरू किया। एक स्नेक कैचर ने अजगर के मुंह वाले हिस्से को मजबूती से पकड़ा, जबकि दूसरे ने उसकी पूंछ को संभाला। काफी प्रयास और सावधानी के बाद अजगर को सुरक्षित तरीके से घर से बाहर निकाला गया। रेस्क्यू के दौरान लोगों की नजरें अजगर पर टिकी रहीं। बड़ी संख्या में मौजूद लोग इस पूरे अभियान को देखते रहे। वन विभाग की टीम ने बिना किसी नुकसान के अजगर को पकड़ लिया। इसके बाद अजगर को सुरक्षित तरीके से बोरे में रखा गया और उसे जंगल क्षेत्र में ले जाया गया। वहां उसे उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया।
वन्यजीव संरक्षण का दिया संदेश
इस घटना के बाद वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि घरों या आसपास के इलाकों में सांप या अन्य वन्यजीव दिखाई देने पर खुद पकड़ने की कोशिश न करें। इसकी सूचना तत्काल वन विभाग या विशेषज्ञ रेस्क्यू टीम को दें। विशेषज्ञों के अनुसार बारिश के मौसम में सांप और अन्य जीव अक्सर भोजन और सुरक्षित स्थान की तलाश में रिहायशी इलाकों तक पहुंच जाते हैं। ऐसे में सावधानी और समय पर सूचना देने से मानव और वन्यजीव दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।