Durg. दुर्ग। दुर्ग जिले की वैशाली नगर पुलिस ने बंद और सुनसान मकानों को निशाना बनाकर चोरी करने वाले गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे और निशानदेही पर सोने-चांदी के आभूषण, नकदी, गैस सिलेंडर सहित चोरी का सामान और वारदात में इस्तेमाल किया गया वाहन बरामद किया गया है। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह वैशाली नगर, सुपेला, कैंप और आसपास के थाना क्षेत्रों में सक्रिय था। आरोपी पहले बंद मकानों की रेकी करते थे और मौका देखकर ताला तोड़कर घर के अंदर प्रवेश कर चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। पूछताछ में आरोपियों ने मई, जून और जुलाई 2026 के दौरान कई चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है।
वैशाली नगर थाना क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने मामलों की जांच शुरू की थी। थाना वैशाली नगर में दर्ज अपराध क्रमांक 307/2026 सहित अन्य चोरी के प्रकरणों की विवेचना के दौरान पुलिस ने संदिग्ध व्यक्तियों और चोरी के सामान को खपाने वाले लोगों के संबंध में जानकारी जुटाई। जांच के दौरान मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने पांच संदिग्धों को हिरासत में लेकर अलग-अलग पूछताछ की। पूछताछ में आरोपियों ने बंद मकानों की रेकी करने, ताला तोड़कर चोरी करने और चोरी किए गए सामान को बेचने की बात कबूल की।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी दिन और रात के समय ऐसे मकानों की तलाश करते थे, जहां लंबे समय से कोई मौजूद नहीं रहता था। मकान के बंद होने की पुष्टि करने के बाद आरोपी ताला तोड़कर अंदर घुसते थे और घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण, नकदी, गैस सिलेंडर और अन्य सामान चोरी कर लेते थे। आरोपियों ने मई 2026 में स्कूल के सामने स्थित एक मकान से सोने की कान बाली, चांदी की बिछिया, चांदी की पायल और चांदी का करधन चोरी करना स्वीकार किया है। इसके अलावा कैंप क्षेत्र और राजीव नगर स्थित कई मकानों में चोरी की घटनाओं को अंजाम देने की जानकारी भी पुलिस को मिली है।
जून और जुलाई 2026 के दौरान आरोपियों ने कई बंद मकानों को निशाना बनाया। इस दौरान उन्होंने सोने की अंगूठी, सोने की चेन, चांदी की पायल, चांदी की बिछिया, चांदी का करधन, नकदी और गैस सिलेंडर सहित अन्य सामान चोरी किया। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि चोरी किए गए सोने-चांदी के आभूषणों को अलग-अलग ज्वेलर्स के पास बेच दिया जाता था। बिक्री से मिली रकम को सभी आरोपी आपस में बांटकर खर्च कर देते थे। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर चोरी के सामान और वारदात में इस्तेमाल वाहन को बरामद किया है।
गिरफ्तार आरोपियों में मोहम्मद अनीस खान (40 वर्ष), निवासी जेपी नगर, कैंप-02 थाना छावनी दुर्ग शामिल है। दूसरा आरोपी श्रीनिवास शाह (35 वर्ष), निवासी शारदा पारा, कैंप-02 थाना छावनी दुर्ग है। तीसरा आरोपी मोहम्मद इरशाद (32 वर्ष), निवासी अंबेडकर नगर, कोहका थाना सुपेला दुर्ग है। चौथा आरोपी एम. चिन्ना राव (54 वर्ष), निवासी स्टीलनगर थाना सुपेला दुर्ग और पांचवीं आरोपी शमीन बेगम उर्फ सोना (42 वर्ष), निवासी जेपी नगर कैंप-02 थाना छावनी दुर्ग है। पुलिस ने आरोपियों से चोरी किए गए सोने-चांदी के आभूषण, नकदी, गैस सिलेंडर, अन्य चोरी का सामान और वारदात में प्रयुक्त वाहन जब्त किया है। पूछताछ में आरोपियों से अन्य थाना क्षेत्रों में हुई चोरी की घटनाओं के संबंध में भी महत्वपूर्ण जानकारी मिली है। पुलिस अब उन मामलों की भी जांच कर रही है।
दुर्ग पुलिस के अनुसार, आरोपियों का अपराध करने का तरीका बेहद सुनियोजित था। वे पहले मकानों की निगरानी करते थे, फिर खाली होने की पुष्टि के बाद चोरी करते थे। चोरी के बाद सामान बेचकर पैसे आपस में बांट लेते थे। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय में पेश किया है। पुलिस का कहना है कि चोरी की घटनाओं पर नियंत्रण के लिए लगातार निगरानी और कार्रवाई की जा रही है। दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि घर को लंबे समय तक बंद रखने की स्थिति में पड़ोसियों या विश्वसनीय लोगों को इसकी जानकारी दें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें। साथ ही चोरी के सामान की खरीद-फरोख्त करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।