Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर के तेलीबांधा थाना क्षेत्र से एक प्रतिष्ठित व्यवसायिक समूह 'माँ कुदरगढ़ी ग्रुप' में कार्यरत पूर्व वाइस प्रेसिडेंट के खिलाफ अमानत में खयानत का मामला सामने आया है। कंपनी के मैनेजर ने आरोप लगाया है कि पूर्व वाइस प्रेसिडेंट वेंकट रमैया ने बिना किसी पूर्व सूचना के न केवल नौकरी छोड़ दी, बल्कि कंपनी की ओर से उपलब्ध कराई गई चारपहिया वाहन को भी अवैध रूप से अपने पास रख लिया। तेलीबांधा पुलिस को दी गई शिकायत में कंपनी मैनेजर अशोका रतन, निवासी कुमार दीप दास, ने बताया कि वेंकट रमैया को 22 अप्रैल 2025 को माँ कुदरगढ़ी ग्रुप में वाइस प्रेसिडेंट पद पर नियुक्त किया गया था। कंपनी की तरफ से उन्हें आवागमन के लिए एक हुंडई कार (रजिस्ट्रेशन नंबर CG 04 MS 5359) उपलब्ध कराई गई थी।
बिना सूचना के कार्यभार छोड़ा
शिकायत के अनुसार, 12 जून 2025 को वेंकट रमैया बिना किसी पूर्व सूचना के कंपनी छोड़कर चले गए, और साथ ही कंपनी के करेंसी टावर स्थित कार्यालय की पार्किंग में खड़ी कार को भी अपने साथ ले गए। जब कंपनी प्रबंधन ने उनसे संपर्क कर कार लौटाने की मांग की, तो उन्होंने स्पष्ट रूप से इंकार कर दिया। इस घटनाक्रम के बाद कंपनी प्रबंधन ने इसे अमानत में खयानत मानते हुए तेलीबांधा थाने में वेंकट रमैया के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस का बयान
तेलीबांधा थाना प्रभारी ने बताया कि मामले में भारतीय दंड संहिता (IPC) की संबंधित धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वाहन का वर्तमान में उपयोग कहां और कैसे किया जा रहा है। कंपनी मैनेजर ने पुलिस को वेंकट रमैया की नियुक्ति पत्र, वाहन की चाबी सौंपने से संबंधित विवरण, वाहन पंजीकरण दस्तावेज, और पूर्व में किए गए संपर्क प्रयासों का विवरण भी सौंपा है, जिससे पुलिस को जांच में मदद मिल रही है।