अवैध प्लाटिंग पर पर्यावरण विभाग सख्त
राजधानी में पिछले कुछ अर्से से बे-रोकटोक चल रही अवैध प्लाटिंग को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है
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> कार्रवाई नहीं हुई तो नपेंगे अफसर
रायपुर (जसेरि)। राजधानी में पिछले कुछ अर्से से बे-रोकटोक चल रही अवैध प्लाटिंग को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है। निगम और तहसील अफसरों को अवैध प्लाटिंग के साथ अवैध कालोनी बसने की शिकायत मिलने पर तुरंत ही रोकना होगा। ऐसा नहीं करने वाले अफसरों को सीधे सस्पेंड किया जाएगा। अवैध प्लाटिंग करने वालों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कराने जैसी सख्त कार्रवाई की जाएगी। अवैध प्लाटिंग और अवैध कॉलोनियों को लेकर नगरीय प्रशासन व आवास एवं पर्यावरण विभाग ने सख्ती करने का फैसला किया हैं। दोनों विभागों के अफसरों ने निगम कमिश्नर और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग के अफसरों को चि_ी लिखकर कहा है कि नीचे के अफसरों की लापरवाही की वजह से ही अवैध प्लाटिंग बढ़ गई है। चि_ी में राजधानी को फोकस करते हुए कहा गया है कि शिकायत होने के बाद भी अफसर फील्ड में जांच के लिए नहीं जा रहे हैं। इस वजह से कब्जे वाली जमीन पर निर्माण पूरा कर लिया जाता है। निर्माण होने के बाद सीधे तोडफ़ोड़ की कार्रवाई नहीं की जाती और मामला अटक जाता है। विभागों के विशेष सचिव और अपर संचालक ने दो टूक कहा है कि शिकायत मिलने के बावजूद कार्रवाई न करने वाले अफसरों से जवाब-तलब किया जाए। चिट्?ठी में ये तक लिख दिया गया है कि अगर वे काम नहीं कर रहे हैं तो उन्हें सस्पेंड कर दें। गौरतलब है कि दुर्ग-राजनांदगांव में भी इसी तरह की शिकायत के बाद तहसीलदार समेत कई अफसरों पर कार्रवाई की गई। कई के ट्रांसफर कर दिए गए।