डॉ. विनिता नापित को कथक नृत्य में पीएचडी, विश्वविद्यालय खैरागढ़ ने प्रदान की डॉक्टरेट उपाधि
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Raipur. रायपुर। भावना नगर की निवासी और न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के रिटायर्ड कर्मचारी उदयन नापित एवं मुन्नी नापित की सुपुत्री डॉ. विनिता नापित को कथक नृत्य के क्षेत्र में विशेष उपलब्धि प्राप्त हुई है। उन्हें इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय खैरागढ़ (छ.ग.) के 17वें दीक्षांत समारोह में राज्यपाल एवं कुलाधिपति रमेन डेका, उच्च शिक्षा मंत्री टंक राम वर्मा, विधायक अनुज शर्मा और कुलपति प्रो. लवली शर्मा के कर कमलों से डॉक्टर ऑफ फिलासफी (Ph.D.) की उपाधि प्रदान की गई। डॉ. विनिता नापित ने अपने शोध कार्य के लिए भातखंडे संस्कृति विश्वविद्यालय लखनऊ की कुलपति प्रो. मांडवी सिंह के मार्गदर्शन में गहन अध्ययन किया। उनका शोध छत्तीसगढ़ की कथक परंपराओं और नृत्य शैली का विश्लेषण प्रस्तुत करता है। इस सफलता का श्रेय उन्होंने अपने माता-पिता, गुरु और परिवारजनों को दिया। बहन सुनीता नापित, भूमिका नापित और भाई अजय नापित के सहयोग के बिना यह यात्रा अपूर्ण रहती।
डॉ. विनिता ने प्रारंभिक शिक्षा भारतीय संस्कृति उच्च माध्यमिक विद्यालय और सालेम गर्ल्स स्कूल, रायपुर से प्राप्त की। इसके बाद शासकीय दुबरा महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, रायपुर में डॉ. स्वप्निल कर्महे के मार्गदर्शन में नृत्य का प्रशिक्षण लिया। एम.ए. और पी.एच.डी. की पढ़ाई इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय से पूरी की। इसके अलावा, उन्हें ICCR की नेशनल स्कॉलरशिप भी प्राप्त हुई और उन्होंने राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (NET) उत्तीर्ण की। डॉ. विनिता नापित ने अपने 15 वर्षों की नृत्य साधना में कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी प्रस्तुतियाँ दी हैं। उन्होंने कथक नृत्य के क्षेत्र में अपनी विशेषज्ञता और अद्वितीय प्रस्तुति से दर्शकों और आलोचकों का मन मोहा है। उनके कार्य ने न केवल उनके परिवार, बल्कि रायपुर और छत्तीसगढ़ राज्य को भी गौरवान्वित किया है।
वर्तमान में डॉ. विनिता नापित नवीन शासकीय संगीत महाविद्यालय, बिलासपुर में कार्यरत हैं। उन्होंने कहा कि उनकी सफलता का श्रेय उनके माता-पिता, गुरु और परिवारजनों को जाता है। उन्होंने भविष्य में भी कथक नृत्य को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने और नृत्य के क्षेत्र में नवाचार करने का संकल्प व्यक्त किया। उपाधि समारोह में विश्वविद्यालय प्रशासन, शिक्षाविद और परिवारजन उपस्थित थे। सभी ने डॉ. विनिता नापित के उज्जवल भविष्य और नृत्य के क्षेत्र में उनके योगदान की सराहना की। यह उपलब्धि न केवल डॉ. विनिता नापित के लिए, बल्कि पूरे रायपुर और छत्तीसगढ़ के सांस्कृतिक और शैक्षणिक परिदृश्य के लिए गौरव का विषय है।