Janjgir-Champa. जांजगीर-चांपा। कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम के माध्यम से जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से आए नागरिकों की समस्याओं, शिकायतों और मांगों को सुना और संबंधित अधिकारियों को समय-सीमा में उनका निराकरण करने के निर्देश दिए। इस कार्यक्रम के दौरान आज कुल 59 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें राशन कार्ड, प्रधानमंत्री आवास योजना, पेंशन और पीएम किसान सम्मान निधि योजना से जुड़े मुद्दे प्रमुख रहे।
जनदर्शन में तहसील नवागढ़ के ग्राम तुलसी निवासी लीला मधुकर ने राशन कार्ड से संबंधित समस्याओं का आवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि राशन कार्ड में नाम और विवरण सही नहीं हैं, जिसके कारण उन्हें राशन वितरण में समस्या आ रही है। कलेक्टर ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शीघ्र ही आवश्यक सुधार करते हुए आवेदनकर्ता को लाभ सुनिश्चित किया जाए। इसी प्रकार तहसील जांजगीर के ग्राम पेण्ड्री निवासी पुनीबाई ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने के लिए आवेदन प्रस्तुत किया।
उन्होंने बताया कि उनके आवास के लिए योजना में नामांकन के बावजूद अब तक लाभ नहीं मिल पाया है। कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने अधिकारियों को तत्काल कार्यवाही करने और आवेदन की स्थिति पर आवेदनकर्ता को सूचित करने का निर्देश दिया। चांपा के बजरंगी चौक मेहर पारा निवासी सत्यभामा देवांगन ने पेंशन दिलाने संबंधी आवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि वृद्धावस्था पेंशन हेतु आवेदन कर दिया गया है, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हुआ। कलेक्टर ने निर्देश दिया कि संबंधित अधिकारी समयसीमा के भीतर पेंशन का भुगतान सुनिश्चित करें और किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो। ग्राम मरकाडीह निवासी अरविंद कुमार ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना से जुड़े आवेदन प्रस्तुत किए।
उन्होंने कहा कि फसलों के लिए लाभ राशि अभी तक खाते में नहीं आई है। कलेक्टर ने अधिकारियों को सभी दस्तावेजों की जांच कर भुगतान प्रक्रिया शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने सभी आवेदनकर्ताओं से संवाद करते हुए कहा कि जनदर्शन कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जनता की समस्याओं को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से हल करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक आवेदन का रिकॉर्ड बनाकर उसका पालन किया जाए और आवेदकों को आवेदन की प्रगति की जानकारी नियमित रूप से दी जाए। इस अवसर पर तहसील और जिला प्रशासन के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और नागरिक उपस्थित रहे। कलेक्टर ने अधिकारियों से यह भी कहा कि वे न केवल आवेदन का निराकरण करें बल्कि भविष्य में ऐसी समस्याओं की पुनरावृत्ति रोकने के उपाय भी सुनिश्चित करें।