असम: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के सह संस्थापक आशुतोष रांका को रविवार शाम पुलिस हिरासत से छोड़ दिया गया। इससे पहले दिन में असम पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया था, जिसके बाद संगठन के नेताओं की ओर से प्रतिक्रिया सामने आई थी।
आशुतोष रांका की हिरासत को लेकर CJP के संयोजक अभिजीत दीपके ने कहा था कि अगर पुलिस उन्हें नहीं छोड़ती है तो वह सोमवार सुबह असम पहुंचेंगे और एयरपोर्ट पर ही गिरफ्तारी देने को तैयार हैं। हालांकि, बाद में आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी दी कि उन्हें छोड़ दिया गया है।
हिरासत के बाद रिहा हुए आशुतोष रांका
जानकारी के अनुसार, रविवार को असम पुलिस ने कॉकरोच जनता पार्टी के सह संस्थापक आशुतोष रांका और उनके कुछ साथियों को हिरासत में लिया था। हालांकि, शाम होते-होते उन्हें छोड़ दिया गया।
रिहाई के बाद आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया के माध्यम से इसकी जानकारी साझा की। इसके बाद संगठन से जुड़े लोगों ने भी प्रतिक्रिया दी।
अभिजीत दीपके ने दी थी असम आने की बात
आशुतोष रांका की हिरासत के बाद CJP संयोजक अभिजीत दीपके ने पुलिस की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने कहा था कि यदि आशुतोष रांका को रिहा नहीं किया गया तो वह खुद असम जाएंगे।
उन्होंने यह भी कहा था कि वह सोमवार सुबह असम पहुंचेंगे और जरूरत पड़ने पर एयरपोर्ट पर ही गिरफ्तारी देने के लिए तैयार हैं।
रिहाई के बाद बदला माहौल
जब आशुतोष रांका ने ‘एक्स’ पर अपनी रिहाई की जानकारी दी, तो अभिजीत दीपके ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि वह तो पुलिस थाने में प्रदर्शन करने के लिए असम आने वाले थे।
इसके बाद सोशल मीडिया पर इस पूरे घटनाक्रम को लेकर चर्चा शुरू हो गई।
सोशल मीडिया पर सक्रिय रहते हैं CJP नेता
कॉकरोच जनता पार्टी के नेता सोशल मीडिया पर अपनी गतिविधियों और बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहते हैं। संगठन से जुड़े नेता अलग-अलग मुद्दों पर अपनी राय सोशल मीडिया के माध्यम से रखते हैं।
आशुतोष रांका की हिरासत और बाद में रिहाई का मामला भी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना।
पुलिस कार्रवाई को लेकर उठे सवाल
आशुतोष रांका को हिरासत में लिए जाने के बाद संगठन की ओर से सवाल उठाए गए। हालांकि, पुलिस की ओर से इस कार्रवाई के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
किस वजह से उन्हें हिरासत में लिया गया था और किन परिस्थितियों में छोड़ा गया, इसे लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
आगे की स्थिति पर नजर
फिलहाल आशुतोष रांका और उनके साथियों की रिहाई के बाद मामला शांत हो गया है। हालांकि, इस घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक और सोशल मीडिया स्तर पर चर्चा जारी है।
संगठन की ओर से आने वाले दिनों में इस मामले पर कोई और प्रतिक्रिया दी जाती है या नहीं, इस पर नजर बनी हुई है।
रविवार का पूरा घटनाक्रम कुछ घंटों के भीतर बदल गया। पहले हिरासत, फिर संगठन की ओर से विरोध की घोषणा और अंत में रिहाई के बाद मामला फिलहाल खत्म होता नजर आ रहा है।