बारिश से तिरूपति में सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त; अधिक बारिश की भविष्यवाणी
तिरुपति: पूर्वी-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी में बने 'डिप्रेशन' (कम दबाव के क्षेत्र) के कारण, रविवार को तिरुपति और जिले के कई हिस्सों में बारिश जारी रही।
सोमवार और मंगलवार को और अधिक बारिश होने का अनुमान है।
IMD की रिपोर्ट के अनुसार, रविवार सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटों में तिरुपति में 49.8 मिमी बारिश दर्ज की गई।
बीच-बीच में होती बारिश ने शहर में जनजीवन को प्रभावित किया, जिससे कुछ इलाकों में जलभराव हो गया।
तेज हवाओं और गिरते तापमान ने लोगों की परेशानी और बढ़ा दी, जिसके चलते कई निवासी, खासकर बुजुर्ग, घरों के अंदर ही रहने को मजबूर हुए।
तिरुमाला में भी बारिश हुई, जिससे श्री वेंकटेश्वर मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को काफी असुविधा का सामना करना पड़ा।
बारिश, धुंध और पहाड़ी इलाकों में ठंड बढ़ने के कारण मंदिर के आसपास के क्षेत्रों और 'माडा' सड़कों पर आवाजाही प्रभावित हुई।
दर्शन पूरे करने वाले तीर्थयात्रियों को अपने ठहरने की जगह, बस स्टैंड और अन्य स्थानों तक पहुंचने में काफी कठिनाई हुई, क्योंकि उन्हें भारी बारिश के बीच से होकर गुजरना पड़ा।
कई लोगों को बारिश से बचने के लिए आश्रय की तलाश में इधर-उधर भागते देखा गया।
TTD ने घाट रोड (पहाड़ी रास्तों) पर सफर करने वाले वाहन चालकों को सलाह दी है कि वे धीरे चलें और सावधानी बरतें, खासकर उन हिस्सों में जहां बारिश और कोहरे के कारण दृश्यता (visibility) कम हो जाती है।
श्रद्धालुओं को भी सलाह दी गई है कि बारिश के मौसम में खुले इलाकों में चलते समय सावधानी बरतें।
IMD के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बना यह मौसमी सिस्टम सोमवार तक एक चक्रवाती तूफान (cyclonic storm) में बदल सकता है और आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ सकता है।
एजेंसी ने अगले कुछ दिनों में तिरुपति और रायलसीमा के अन्य हिस्सों में और बारिश तथा आंधी-तूफान आने का अनुमान जताया है। मंगलवार और बुधवार को बारिश की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं।