Entertainment मनोरंजन : हिंदी फिल्म इंडस्ट्री की दिग्गज अभिनेत्री जीनत अमान ने शिक्षक और पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का समर्थन किया है। जीनत अमान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर सोनम वांगचुक की एक तस्वीर साझा करते हुए उनके काम और संघर्ष की सराहना की।
अभिनेत्री ने अपनी पोस्ट में लिखा कि उन्होंने एक खबर में पढ़ा कि सोनम वांगचुक कमजोर हो गए हैं और काफी तकलीफ में हैं। जीनत अमान ने बताया कि जब उनसे अनशन खत्म करने की अपील की गई तो उन्होंने कहा कि उनसे अनशन समाप्त करने के लिए न कहा जाए, बल्कि सरकार से पूछा जाए कि वह बातचीत के लिए तैयार क्यों नहीं है।
जीनत अमान ने सोनम वांगचुक के संघर्ष और उनके सामाजिक योगदान की तारीफ करते हुए लिखा कि वह केवल एक शिक्षक नहीं, बल्कि समाज और पर्यावरण के लिए लगातार काम करने वाले एक समर्पित कार्यकर्ता हैं।
सोनम वांगचुक के कामों की जीनत ने की सराहना
जीनत अमान ने अपनी पोस्ट में सोनम वांगचुक के कई महत्वपूर्ण कार्यों का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि सोनम वांगचुक SECMOL के संस्थापक हैं और उन्होंने लद्दाख में शिक्षा के क्षेत्र में बड़े बदलाव लाने का काम किया है।
इसके अलावा वह आइस स्तूप के आविष्कारक भी हैं, जो पानी संरक्षण और पर्यावरण से जुड़ी एक अनोखी पहल मानी जाती है। जीनत अमान ने कहा कि सोनम वांगचुक पर्यावरण और समाज के लिए लंबे समय से काम कर रहे हैं और उनके योगदान को दुनिया भर में पहचान मिली है।
‘3 इडियट्स’ के किरदार से जुड़ा नाम
जीनत अमान ने सोनम वांगचुक को फिल्म 3 Idiots के चर्चित किरदार फुंसुक वांगडू की प्रेरणा भी बताया। फिल्म में आमिर खान ने रैंचो का किरदार निभाया था, जबकि फुंसुक वांगडू का नाम सोनम वांगचुक के वास्तविक जीवन से प्रेरित माना जाता है।
उन्होंने कहा कि सोनम वांगचुक एक समझदार और नेक इंसान हैं, जिन्होंने शिक्षा, पर्यावरण और समाज के क्षेत्र में उल्लेखनीय काम किया है। उनके कामों के लिए उन्हें कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है।
सोशल मीडिया पर मिली प्रतिक्रिया
जीनत अमान की इस पोस्ट के बाद सोशल मीडिया पर कई लोगों ने प्रतिक्रिया दी। लोगों ने सोनम वांगचुक के प्रयासों और पर्यावरण संरक्षण के लिए उनके योगदान की सराहना की। वहीं, कई यूजर्स ने जीनत अमान द्वारा उनके समर्थन को भी सराहा।
बता दें कि सोनम वांगचुक लंबे समय से लद्दाख से जुड़े मुद्दों, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय लोगों की मांगों को लेकर आवाज उठाते रहे हैं। उनके शिक्षा मॉडल और पर्यावरण से जुड़े प्रयोगों को देश और विदेश में काफी प्रशंसा मिली है। जीनत अमान का समर्थन उनके प्रति लोगों का ध्यान एक बार फिर आकर्षित कर रहा है।