भारत की इस 130 साल पुरानी कोठी में दिखा फिल्म का खास घर
ऐतिहासिक धरोहर मानी जाती है।
Entertainment मनोरंजन : फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ में नसीरुद्दीन शाह (ईशर सिंह) के किरदार का घर, जिसे दर्शकों ने पाकिस्तान के सरगोधा और उनके पुराने घर से जोड़ा, असल में पाकिस्तान में नहीं बल्कि भारत में स्थित है। फिल्म में दिखाया गया यह खूबसूरत लाल रंग का हवेली जैसा घर वास्तव में पंजाब के संगरूर जिले में मौजूद है।
इस ऐतिहासिक इमारत को स्थानीय तौर पर “लाल कोठी” के नाम से जाना जाता है। अपने अनोखे लाल-सिंदूरी रंग और पुराने वास्तुशिल्प के कारण यह हवेली लोगों के बीच काफी चर्चित रही है। बताया जाता है कि यह कोठी करीब 130 साल पुरानी है और बंटवारे से पहले के दौर की ऐतिहासिक धरोहर मानी जाती है।
Architectural Digest India ने अपने इंस्टाग्राम पेज पर इस लाल कोठी की तस्वीरें साझा करते हुए इसके इतिहास और संरचना के बारे में जानकारी दी थी। तस्वीरों और विवरणों से यह स्पष्ट होता है कि यह हवेली न केवल पुरानी है, बल्कि आज भी अपनी मूल सुंदरता को बनाए हुए है।
लाल कोठी को इसके खास सिंदूरी रंग के चूने वाले प्लास्टर के कारण यह नाम मिला है। इसकी दीवारों और बनावट में उस समय की पारंपरिक पंजाबी वास्तुकला की झलक साफ दिखाई देती है। यह हवेली सिर्फ एक आवासीय भवन नहीं बल्कि ऐतिहासिक विरासत का भी प्रतीक मानी जाती है।
इस परिसर की एक और खास बात यह है कि यहां एक छोटे से कोने में गुरुद्वारा भी बना हुआ है, जो इसकी सांस्कृतिक और धार्मिक विविधता को दर्शाता है। यह स्थान समय के साथ कई बदलावों का गवाह रहा है, लेकिन इसकी मूल पहचान आज भी कायम है।
बताया जाता है कि बंटवारे के बाद भी यह हवेली सुरक्षित रही और समय-समय पर इसकी मरम्मत की जाती रही है। वर्तमान में इसकी देखरेख मालिक परिवार की बेटी नम्रता जयजी द्वारा की जा रही है, जिन्होंने इसके संरक्षण और मरम्मत का कार्य करवाकर इसे फिर से लगभग नए जैसा बना दिया है।
आज यह लाल कोठी सिर्फ एक फिल्मी लोकेशन नहीं, बल्कि पंजाब की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है। फिल्म के जरिए यह जगह एक बार फिर चर्चा में आ गई है और लोग इसकी वास्तविक कहानी जानने में रुचि दिखा रहे हैं।