मुंबई | भारतीय सिनेमा के 'भारत कुमार' कहे जाने वाले मनोज कुमार का फिल्मी सफर जितना प्रभावशाली रहा, निजी जीवन भी उतना ही खास रहा है। उनकी लव स्टोरी की शुरुआत 1956 में आई फिल्म 'उड़नखटोला' के सेट पर हुई, जहां उनकी मुलाकात शशि गोस्वामी से हुई। फिल्मी दुनिया की चकाचौंध से दूर शशि एक सादगीभरी महिला थीं, और दोनों के बीच की बॉन्डिंग धीरे-धीरे गहराती चली गई।
शशि गोस्वामी से मनोज कुमार ने विवाह किया और यह रिश्ता जीवन भर बना रहा। दोनों के दो बेटे हैं – विशाल गोस्वामी और कुनाल गोस्वामी।
कुनाल गोस्वामी ने 1980-90 के दशक में बॉलीवुड में अभिनय की कोशिश की, लेकिन वे अपने पिता जैसी लोकप्रियता नहीं हासिल कर पाए। उन्होंने 'घूंघट के पीछे', 'नैना', और 'कह दे के तुम हो मेरी' जैसी फिल्मों में काम किया, लेकिन बाद में फिल्म निर्देशन और प्रोडक्शन की ओर रुख कर लिया।
विशाल गोस्वामी फिल्मी दुनिया से दूर हैं और एक बिजनेस पर्सन के रूप में सक्रिय हैं।
मनोज कुमार हमेशा अपने परिवार से गहराई से जुड़े रहे। वे अक्सर अपने इंटरव्यूज़ में कहते थे कि शशि उनके जीवन की असली शक्ति हैं।
अब उनके निधन के बाद पूरा परिवार शोक में डूबा है, लेकिन उनकी सिनेमाई और पारिवारिक विरासत उन्हें हमेशा ज़िंदा रखेगी।