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कृति सेनन अपनी फिटनेस के प्रति समर्पण के लिए जानी जाती हैं। उनका हालिया वर्कआउट वीडियो उनके स्ट्रेंथ-ट्रेनिंग रूटीन की एक झलक दिखाता है, जिसे वे फिट रहने के लिए फॉलो करती हैं। हाल ही में, उन्हें सेलिब्रिटी फिटनेस ट्रेनर करण साहनी के साथ एक इंटेंस जिम सेशन के दौरान अपनी क्षमताओं को चुनौती देते हुए देखा गया। करण साहनी ने सोशल मीडिया पर इस वर्कआउट के वीडियो शेयर किए हैं।
लोअर-बॉडी की वेट वाली एक्सरसाइज से लेकर कोर को मजबूत करने वाली मूवमेंट तक, कृति का रूटीन ताकत बढ़ाने, स्टेबिलिटी में सुधार करने और शरीर के कई मसल ग्रुप्स को मजबूत करने पर केंद्रित है। यहाँ उनके वर्कआउट में शामिल कुछ ऐसी एक्सरसाइज दी गई हैं, जिनके बारे में फिटनेस के शौकीन लोग जान सकते हैं।
वेटेड हिप थ्रस्ट्स (Weighted Hip Thrusts)
हिप थ्रस्ट्स एक लोकप्रिय स्ट्रेंथ-ट्रेनिंग एक्सरसाइज है, जो मुख्य रूप से ग्लूट्स (कूल्हों की मांसपेशियों) पर काम करती है। इसमें आप अपनी पीठ के ऊपरी हिस्से को एक बेंच के सहारे टिकाकर बैठते हैं, अपने कूल्हों पर वजन रखते हैं, और फिर अपने कोर को टाइट रखते हुए कूल्हों को ऊपर की ओर उठाते हैं।
ग्लूट ब्रिजेस (Glute Bridges)
ग्लूट ब्रिजेस भी ग्लूट्स पर फोकस करते हैं, साथ ही हैमस्ट्रिंग और कोर को भी सक्रिय करते हैं। इसे करने के लिए आप पीठ के बल लेट जाते हैं, घुटनों को मोड़ते हैं और पैरों को जमीन पर टिकाते हैं। फिर अपने कूल्हों को ऊपर उठाते हैं, ग्लूट्स को सिकोड़ते हैं और वापस धीरे-धीरे नीचे लाते हैं।
डंबेल डेडलिफ्ट्स और हिप-हिंज वेरिएशन (Dumbbell Deadlifts and Hip-Hinge Variations)
डंबेल के साथ की जाने वाली डेडलिफ्ट्स हैमस्ट्रिंग, ग्लूट्स और पीठ को सहारा देने वाली कई मांसपेशियों पर काम करती हैं। इसमें अपनी रीढ़ की हड्डी को सीधा (न्यूट्रल) रखते हुए कूल्हों को पीछे की ओर धकेला जाता है, और फिर पैरों पर जोर देते हुए वापस खड़े होने की स्थिति में आया जाता है।
फॉरवर्ड और रिवर्स लंजेस (Forward and Reverse Lunges)
लंजेस ग्लूट्स और क्वाड्रिसेप्स (जांघों के सामने की मांसपेशियों) को चुनौती देते हैं, साथ ही हैमस्ट्रिंग को भी सक्रिय करते हैं। फॉरवर्ड लंजे में, एक पैर को आगे रखा जाता है और शरीर को तब तक नीचे लाया जाता है जब तक कि दोनों घुटने मुड़ न जाएं। इसके बाद वापस शुरुआती स्थिति में आ जाते हैं।
वेटेड सिट-अप्स (Weighted Sit-Ups)
वेटेड सिट-अप्स पारंपरिक एब्डोमिनल (पेट की) एक्सरसाइज में थोड़ा और रेजिस्टेंस (वजन) जोड़ देते हैं। इसमें आप पीठ के बल लेटकर घुटनों को मोड़ते हैं, छाती के पास वजन पकड़ते हैं और अपने शरीर के ऊपरी हिस्से को जांघों की ओर उठाते हैं। यह मुख्य रूप से पेट की मांसपेशियों पर काम करता है।
कंट्रोल्ड लेग रेजेज (Controlled Leg Raises)
लेग रेजेज भी कोर पर केंद्रित एक एक्सरसाइज है, जो पेट की मांसपेशियों और हिप फ्लेक्सर्स को सक्रिय करती है। इसमें आप पीठ के बल लेटकर अपने पैरों को ऊपर उठाते हैं और फिर उन्हें धीरे-धीरे नीचे लाते हैं। इस दौरान ध्यान रखें कि आपकी पीठ का निचला हिस्सा बहुत ज्यादा ऊपर न उठे (आर्च न बने)।