मुंबई: बॉलीवुड एक्ट्रेस रानी मुखर्जी की मां का मंगलवार को निधन हो गया है। कृष्णा मुखर्जी ने 75 साल की उम्र में इस दुनिया को अलविदा कहा है। इस दुखद खबर की पुष्टि यश राज फिल्म्स ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर कर की है। हालांकि, उन्होंने कृष्णा की मौत की वजह अभी तक रिवील नहीं की है। किंतु परिवार ने इस दुख की घड़ी में प्राइवेसी बनाए रखने का अनुरोध किया है।
YRF के इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर कर लिखा, ‘भारी मन से हम यह जानकारी दे रहे हैं कि रानी मुखर्जी की मां, 75 वर्षीय श्रीमती कृष्णा मुखर्जी का आज दोपहर में निधन हो गया है। परिवार आपके प्यार, प्रार्थनाओं और समर्थन के लिए बहुत आभारी है और इस गहरे दुख के समय में प्राइवेसी बनाए रखने का अनुरोध करता है।’
रानी मुखर्जी अक्सर अपनी मां के साथ सार्वजनिक कार्यक्रमों में नजर आती थीं। दोनों के बीच एक बेहद करीबी और मजबूत रिश्ता था। कृष्णा मुखर्जी खुद भी कला जगत का हिस्सा रही थीं। वह बंगाली फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ी हुई थीं और उन्होंने एक प्लेबैक सिंगर के रूप में अपनी पहचान बनाई थी। उन्हें विशेष रूप से साल 1982 में आई फिल्म 'तीसरी आंख' के मशहूर गाने ‘ईद के दिन गले मिल ले राजा’ को अपनी आवाज देने के लिए जाना जाता है।
रानी को फिल्मों में आने के लिए उनकी मां ने ही प्रेरित किया था, लेकिन इससे जुड़ा एक बेहद दिलचस्प किस्सा भी है। 2025 के एक इंटरव्यू में रानी ने खुलासा किया था कि उनकी मां ने ही उन्हें उनकी पहली फिल्म से लगभग बाहर करवा दिया था। रानी ने बताया था, 'मेरे पहले स्क्रीन टेस्ट के बाद मेरी मां को मेरा काम इतना खराब लगा कि उन्होंने 'राजा की आएगी बारात' के प्रोड्यूसर (सलीम अंकल) से कह दिया, 'मुझे लगता है कि मेरी बेटी को लेकर आप अपनी फिल्म बर्बाद कर देंगे। आपका नुकसान होगा इसलिए बेहतर है कि आप इसे न लें।' हालांकि, प्रोड्यूसर मुझे साइन करने के लिए काफी उत्सुक थे, लेकिन मेरी मां यह समझ गई थीं कि मैंने अच्छा काम नहीं किया है।'
'गुलाम', 'कुछ कुछ होता है', 'साथिया', 'हम तुम' और 'ब्लैक' जैसी कई बेहतरीन और सुपरहिट फिल्में देने वालीं रानी मुखर्जी को आखिरी बार साल 2026 में रिलीज हुई फिल्म 'मर्दानी 3' में देखा गया था।