महासमुंद: जिला पंचायत के सभाकक्ष में जिला स्तरीय पोषण माह सितंबर 2022 के संबंध में महिला और स्वास्थ्य के संबंध में कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एस. आलोक ने महिलाओं एवं बच्चों के पोषण की आवश्यकता तथा पोषण प्रबंधन पर जागरूकता, सामुदायिक सहभागिता पर विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि कुपोषण से बचने के लिए महिलाओं में जागरूकता होनी चाहिए। इसके लिए महिला एवं बाल विकास तथा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी महिलाओं को जानकारी प्रदान करें। ऑगनबाड़ी, स्वास्थ्य केन्द्रों में आने वाली महिलाओं तथा ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में महिलाओं से सम्पर्क स्थापित कर उनके स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करें। उन्होंने कार्यशाला में उपस्थित अधिकारी-कर्मचारियों को कुपोषण मुक्ति की शपथ दिलाई।
महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री समीर पांडेय ने कार्यशाला के उद्देश्यों पर विस्तारपूर्वक जानकारी देते हुए बताया कि पोषण माह अंतर्गत 30 सितंबर तक जिले भर में आंगनबाड़ी स्तर तक विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एस.आर. बंजारे ने सभी नागरिकों से शिशु संरक्षण माह एवं बच्चों के कृमि मुक्ति के लिए शत्-प्रतिशत सहयोग करने की अपील की।
यूनिसेफ के राज्य एवं जिला स्तर के प्रतिनिधियों द्वारा बच्चों के प्रबंधन तथा सामुदायिक परामर्श पर पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन दिया गया। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों ने जल शुद्धिकरण एवं प्रबंधन, सोकपिट एवं गीला सूखा कचरे का निपटान की जानकारी दी गई। साथ ही कार्यशाला में वीडियो क्लिप के माध्यम से लघु फिल्मों का प्रदर्शन किया गया। इस दौरान लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, यूनिसेफ के प्रतिनिधि, समस्त परियोजना अधिकारी, सुपरवाईजर सहित संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।