वर्ल्ड कुश्ती चैंपियनशिप: बजरंग पूनिया के बाद रवि कुमार दहिया ने भी जीता कांस्य पदक

जनता से रिश्ता वेबडेस्क।  कजाकिस्तान के नूर-सुल्तान में जारी विश्व कुश्ती चैम्पियनशिप में भारतीय पहलवान बजरंग पूनिया (65 किग्रा) और रवि कुमार दहिया (57 किग्रा) ने शुक्रवार को कांस्य पदक अपने नाम किया। सेमीफाइनल में हारने वाले दोनों ही पहलवान पहले ही टोक्यो ओलंपिक 2020 का टिकट कटवा चुके थे। अब दोनों ने कांस्य पदक के मुकाबले अपने नाम किए। इस तरह भारतीय दल ने तीन कांस्य पदक के साथ अपने विश्व कुश्ती चैंपियनशिप का अभियान खत्म किया।

इससे पहले हरियाणा की पहलवान विनेश फोगाट ने 53 किलोग्राम भारवर्ग में बुधवार को विश्व चैंपियनशिप में अमेरिका की सारा हिलडरब्रान्ट को हराकर ओलंपिक 2020 के लिए क्वालिफाई किया था। विनेश टोक्यो ओलंपिक का कोटा हासिल करने वाली पहली भारतीय पहलवान बनीं। विनेश ने रेपचेज के दूसरे राउंड में सारा हिलडरब्रान्ट को 8-2 से मात दी और ब्रांज मेडल के मुकाबले में जगह बनाई। इससे पहले, विनेश ने 53 किग्रा वर्ग में रेपचेज के पहले राउंड में यूक्रेन की यूलिया खालाद्जी को 5-0 से हराया था।पहले बजरंग ने मंगोलियन पहलवान तुल्गा ओचिर को 8-7 से हराया तो बाद में रवि कुमार ने ईरान के रेजा अत्री नगराइच को 6-3 से मात देते हुए कांस्य पदक अपने नाम किया। जहां बजरंग शुरुआत में 6-0 से पीछे थे, लेकिन बाद में वापसी करते हुए पदक जीत ले गए। तो रवि ने शुरुआत से ही अपने विपक्षी पर दबाव बनाकर रखा था।

यह बजरंग का वर्ल्ड चैम्पियशिप में तीसरा पदक है। उन्होंने 2013 में ब्रॉन्ज मेडल जीता था, लेकिन तब बजरंग 60 किलोग्राम भारवर्ग में खेलते थे। 65 किलोग्राम भारवर्ग में बजरंग ने अपना पहला पदक पिछले साल 2018 में जीता था जो रजत पदक था। इस तरह बजरंग तीन विश्व चैंपियनशिप मेडल जीतने वाले पहले भारतीय पहलवान भी बन गए। बजरंग क्वार्टरफाइनल में जीत के साथ ही टोक्यो ओलंपिक 2020 के लिए भी क्वालीफाई कर चुके हैं।