फिल्म ‘आर्टिकल 15’ को ग्रामीण भारत तक पहुंचाना चाहते हैं निर्माता अनुभव सिन्हा

जनता से रिश्ता वेबडेस्क:- फिल्म ‘आर्टिकल 15’ के निर्माता इसकी स्क्रीनिंग देश के ग्रामीण हिस्सों में करने की योजना बना रहे हैं, जहां जाति आधारित सामाजिक भेदभाव अभी भी प्रचलित है। फिल्म के लीड ऐक्टर आयुष्मान खुराना ने बताया, ‘फिल्म बनाने का एक कारण यह भी रहा है कि हम ग्रामीण भारत तक पहुंचना चाहते हैं, उन जगहों तक पहुंचना चाहते हैं जहां अभी भी जाति के आधार पर भेदभाव होता है। अगर हम एक आर्ट हाउस फिल्म बनाते हैं और अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सवों में जाते हैं तो हम सिर्फ उन्हीं दर्शकों तक पहुंच पाएंगे जो पहले से ही भेदभाव के बारे में जानते हैं।’ उन्होंने कहा, ‘लेकिन अगर हम ग्रामीण लोगों तक पहुंचते हैं तो हम उनकी सोच में बदलाव ला सकते हैं।’ फिल्म के डायरेक्टर अनुभव सिन्हा ने कहा, ‘हम मोबाइल स्क्रीनिंग करने की योजना बना रहे हैं। फिल्म की स्पेशल स्क्रीनिंग से हर किसी की इस तक पहुंच होगी।’ यह फिल्म भारतीय संविधान के आर्टिकल 15 पर आधारित है जो धर्म, जाति, सेक्स और जन्मस्थल के आधार पर होने वाले किसी भी प्रकार के भेदभाव पर रोक लगाता है। फिल्म की कहानी की बात करें तो तीन नाबालिग लड़कियों के साथ रेप और मर्डर के इर्द-गिर्द घूमती हैं। फिल्म में आयुष्मान खुराना पुलिस अधिकारी की भूमिका में हैं। फिल्म में ईशा तलवार, एम नासर, मनोज पाहवा, सयानी गुप्ता, कुमुद मिश्रा और मोहम्मद जीशान अय्यूब भी महत्वपूर्ण भूमिकाओं में हैं। फिल्म 28 जून को रिलीज होने वाली है।