नोएडा में ‘नमो फूड की स्पेशल थाली’ ने मचाया बवाल, पोलिंग बूथ के बाहर दिखे पैकेट,जानिए क्या है माजरा

जनता से रिश्ता वेबडेस्क:- दिल्ली के पास नोएडा में एक मतदान केंद्र के बाहर तैनात पुलिसकर्मियों के लिए खाना आया गया. नोएडा सेक्टर 15A में खाने के पैकेट पुलिस अधिकारियों के लिए आए थे. पैकेट पर जैसे ही नजर पड़ी तो वहां मौजूद सभी लोग हैरान रह गए. पैकेट के ऊपर नमो लिखा था. फूट पैकेट के ऊपर हिंदी में बड़ा सा नमो फूड लिखा था. जिसके बाद जमकर बवाल मचा. NaMo प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए के लिए संक्षिप्त नाम है. सोशल मीडिया पर तस्वीर वायरल हुईं और यूजर्स को लगने लगा कि ये बीजेपी की तरफ से आया है और आचार संहिता का उल्लंघन हुआ है. लेकिन बाद में मामला कुछ और ही निकला…बीजेपी ने सपोर्ट के लिए अपनी मर्चेंडाइज लॉन्च की थी. सभी को लगा कि अब नमो फूड कॉर्नर भी बीजेपी की तरफ से खोल दिया गया है. इलेक्शन के दिन पोलिंग बूथ से 200 मीटर दूर पार्टी और उम्मीदवारों को दूर रखा जाता है. ट्विटर यूजर्स ने बता दिया कि नमो फूड का पीएम मोदी और बीजेपी से कोई लेना देना नहीं है.नमो फूड कॉर्नर नोएडा सेक्टर 2 में है. ये फूड कॉर्नर जोमेटो में भी उपलब्ध है. पैकेट में न मोदी की फोटो है न ही बीजेपी लिखा है. नम: शिवाय की वजह से फूड कॉर्नर का नाम नमो रखा गया है. इस फूड कॉर्नर का पीएम नरेंद्र मोदी या बीजेपी से कोई लेना देना नहीं है. गौतमबुद्ध नगर से भाजपा ने फिर से डॉ महेश शर्मा को टिकट दिया है. वहीं सपा-बसपा-आरएलडी गठबंधन के उम्मीदवार सतवीर नागर हैं. कांग्रेस ने युवा चेहरा अरविंद सिंह को अपना उम्मीदवार बनाया है. यह तीसरा मौका है जब महेश शर्मा सांसद का चुनाव लड़ रहे हैं. बसपा के टिकट पर चुनावी अखाड़े में कूदे सतवीर नागर का यह पहला चुनावी अनुभव है पर वे उम्मीदवार सपा-बसपा-आरएलडी गठबंधन के हैं, जिसका तजुर्बा पुराना है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here