जानिए प्रदूषण से बचने के लिए, ये आयुर्वेदिक नुस्खे। जनता से रिश्ता

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जनता से रिश्ता वेबडेस्क – आम जिंदगी पर बढ़ते प्रदूषण का प्रभाव आज हर किसी के लिए कठिनाई का सबसे बड़ा सबब बना हुआ है. आज दुनियाभर में लोग इस समस्या से बेहद परेशान हैं. प्रदूषण के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए देशभर में हर वर्ष 2 दिसंबर को राष्ट्रीय प्रदूषण नियंत्रण दिवस मनाया जाता है. राष्ट्रीय प्रदूषण नियंत्रण दिवस मनाने के पीछे उद्देश्य औद्योगिक आपदा के प्रबंधन व नियंत्रण के प्रति लोगों के बीच जागरूकता फैलाना, साथ ही हवा, पानी व मिट्टी को प्रदूषित होने से बचाना व उनमें होने वाले प्रदूषण की रोकथाम के लिए भिन्न-भिन्न तरह से समाज में जागरूकता फैलाना है.

इसके अतिरिक्त हर वर्ष 2 दिसंबर को राष्ट्रीय प्रदूषण नियंत्रण दिवस उन लोगों की याद व सम्मान में भी मनाया जाता है जिन्होंने भोपाल गैस त्रासदी में अपनी जान गंवा दी थी. यूं तो प्रदूषण आदमी के शरीर पर कई तरह से बुरा प्रभाव ड़ालता है. लेकिन प्रदूषण का सबसे ज्यादा बुरा प्रभाव आदमी की इम्यूनिटी पर पड़ता है. तो आइए इस खास मौके पर जानते हैं प्रदूषण के प्रकोप से कैसे खुद को बचाते हुए मजबूत बनाएं अपनी इम्यूनिटी.

ये आयुर्वेद व यूनानी पद्धति के नुस्खे आपको स्वस्थ्य रखने के साथ प्रदूषण से होने वाली बीमारियों से भी बचाने में आपकी मदद करेंगे.

आंखों की स्वास्थ्य के लिए-आंखों में गुलाब जल डालें-प्रदूषण से आंखों में जलन की समस्या होती है. इसके लिए प्रतिदिन सोने से पहले आंखों में अर्क गुलाब जल की दो-दो बूंदे डालें.
गले में इंफेक्शन-गले में इंफेक्शन और नजला खांसी से बचने के लिए शहद, अदरक, कालीमिर्च व जराकुस के पत्तों की चाय बनाकर पीएं.
-इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए-प्रदूषण के कण इम्यून सिस्टम पर सीधा वार करते हैं. इससे बचने के लिए डाइट में हरा आंवला शामिल करना बहुत ज्यादा उपयोगी होता है. इसकी चटनी, सब्जी व मुरब्बा खाने से लाभ होगा.
-बॉडी को करें डिटॉक्स-बॉडी को डिटॉक्स करने के लिए दूध में आधा चम्मच हल्दी मिलाकर पिएं.
सर्दी-जुकाम से बचने के लिए-अदरक व शहद को साथ में लेने से सर्दी-जुकाम से बचा जा सकता है.