जयललिता की मौत पर DMK ने की CBI जांच की मांग

जनता से रिश्ता वेबडेस्क :- चेन्नई। तमिलनाडु की द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) ने शुक्रवार को एक बयान जारी कर पूर्व मुख्यमंत्री जयललिता की मौत पर हो रही जांच पर सवाल खड़े किए हैं। डीएमके ने मुख्यमंत्री इडाप्पडी के पलानीसामी (ईपीएस) को तमिलनाडु की मौत पर अपना बयान देने और केंद्र सरकार से सीबीआई से जांच कराने के लिए आग्रह किया है। डीएमके ने जयललिता की मौत के साथ-साथ उनके सिक्योरिटी पर्सनल ओम बहादूर और ड्राइवर सी कनागाराज की मौत पर सवाल खड़े किए हैं।

डीएमके ने अपने बयान में कहा, ‘यह बहुत सारे सवाल हैं जिस पर तुरंत मुख्यमंत्री को बोलना चाहिए। हम केंद्र से आग्रह करतें हैं कि इस मामले में सीबीआई जांच बिठाई जाए। राज्यपाल को इस मामले में पहल करनी चाहिए, नहीं तो खुद डीएमके कानूनी तरीके से इस मामले को आगे ले जाएगी। शशिकला और ईपीएस एक दूसरे को धमकियां दे रहे हैं और इसी वजह से दोनों चुप हैं। यह मामला अब बहुत बड़ा रहस्य बना चुका है। भ्रष्टाचार आरोप की वजह से हम इस सरकार की कैबिनेट को क्रिमिनल कैबिनेट कहते थे, लेकिन अब तो इस सरकार पर हत्या और लूट के भी आरोप लग रहे हैं। ईपीएस को तुरंत अपना पद छोड़ देना चाहिए। सभी दोषियों को कानून के मुताबिक सजा होनी चाहिए।’

हालांकि, एआईएडीएमके मिनिस्टर डी जयाकुमार ने कहा कि जयललिता की मौत को लेकर जांच सही दिशा में चल रही है और भ्रमित कर रहे हैं उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य में लोकप्रिय सरकार को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।

बता दें कि एआईएडीएमके प्रमुख जयललिता का 5 दिसंबर 2016 को रात चेन्नई के अपोलो अस्पताल में निधन हो गया था। सांस लेने में तकलीफ की शिकायत के बाद उन्हें 22 सितंबर को अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था।