चक्रवात वायु LIVE: गुजरात के तट से आज टकराएगा तूफान…ट्रेनें रद्द, एयरपोर्ट बंद, प्रशासन ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर

 जनता से रिश्ता वेबडेस्क:- Cyclone Vayu: गुजरात में चक्रवाती तूफान वायु की आहट दिखाई दे रही है. आज सुबह पोरबंदर में समुद्र में लहरें उठती दिखाई दी. तूफान को देखते हुए ऐहतियातन करीब तीन लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया है.

कई ट्रेनें रद्द, एयरपोर्ट भी बंद

चक्रवात वायु को देखते हुए पश्चिमी रेलवे ने कई ट्रेनों को रद्द कर दिया है और कई ट्रेनों के रूट बदल दिए हैं. इस चक्रवाती तूफान की वजह से कुल 110 ट्रेनें प्रभावित हुई हैं. इसके अलावा चक्रवाती तूफान वायु से संभावित नुकसान और यात्रियों को होने वाली परेशानी को देखते हुए पांच एयरपोर्ट पर विमानों का संचालन भी बुधवार रात से गुरुवार आधी रात तक के लिए बंद कर दिया गया है. एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया के मुताबिक पोरबंदर, दीव, भावनगर, केशोद और कांडला एयरपोर्ट से विमानों का संचालन बंद कर दिया गया है.

प्रशासन ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर

चक्रवाती तूफान वायु के दौरान लोगों की मदद करने के लिए जिला प्रशासन और एनडीआरएफ ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं. एनडीआरएफ का हेल्पलाइन नंबर- 91-9711077372 है. इसके अलावा चक्रवात वायु प्रभावित जिलों के हेल्पलाइन इस प्रकार हैं.जामनगर कंट्रोल रूम नंबर: 0288-2553404द्वारका कंट्रोल रूम नंबर: 02833-232125पोरबंदर कंट्रोल रूम नंबर: 0286-2220800दाहोद कंट्रोल रूम नंबर: 02673-239277नवसारी कंट्रोल रूम नंबरः 02637-259401पंचमहल कंट्रोल रूम नंबर: +912672242536छोटा उदयपुर कंट्रोल रूम नंबर: +912669233021कच्छ कंट्रोल रूम नंबर: 02832-250080राजकोट कंट्रोल रूम नंबर: 0281-2471573अरावली कंट्रोल रूम नंबर: +912774250221

सवा दो लाख लोगों को राहत शिविर पहुंचाया

प्रशासन ने एहतियातन कदम उठाते हुए गुजरात के तटीय इलाकों से लोगों को निकालकर सुरक्षित स्थान पहुंचा दिया. गुजरात के अतिरिक्त मुख्य सचिव (राजस्व) पंकज कुमार के मुताबिक समुद्र तटीय 500 गांवों को खाली करा लिया गया है. 2 लाख 15 हजार लोगों को राहत शिविरों और 10 हजार पर्यटकों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया है. इसके अलावा अब भी कई लोगों के इलाके में फंसे होने की जानकारी है. वहीं, गुजरात के प्रभावित जिलों के स्कूलों को दो दिन के लिए बंद कर दिया गया है और अधिकारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं.