क्या होती हैं क्रोनिक लीवर बीमारियां जानिए

 जनता से रिश्ता वेबडेस्क। इस रविवार यानी 22 सितंबर को दिल्ली के कंस्टिट्यूशनल क्लब में क्रोनिक लीवर बीमारियों (जीर्ण यकृत रोग) के प्रबंधन से जुड़ा राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है. इस कार्यक्रम का आयोजन ऑल इंडिया आयुर्वेदिक स्पेशलिस्ट पोस्ट ग्रेजुएट एसोसिएशन कर रही है. कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में बीएचयू के सेवानिवृत्त डॉ.एसडी दुबे रहेंगे.इस दौरान आयुर्वेद विशेषज्ञ प्रो वीडी अग्रवाल, डॉ. आरके यादव, डॉ. वीजी हुड्डा, डॉ. एस राजगोपाला, डॉ. अरूण महापात्रा और डॉ. प्रमोद यादव जीर्ण यकृत रोग के विभिन्न पहलुओं पर अपने विचार साझा करेंगे.इसके अतिरिक्त 40 शोध पत्र और उनसे जुड़ी रिपोर्ट भी प्रस्तुत की जाएगी. आयुर्वेद के विशेषज्ञ प्रो वीडी अग्रवाल का कहना है कि उनका संगठन आयुर्वेद के उत्थान और प्रसार के लिए 40 सालों से काम कर रहा है. इस सम्मेलन के जरिए स्वास्थ्य संरक्षण और बीमारी की रोकथाम के प्राचीन अनुभूत आयुर्वेदिक तरीकों के माध्यम से जीर्ण यकृत रोग के प्रबंधन को बढ़ावा देने में सहायक होगा.

क्या होती हैं क्रोनिक लीवर बीमारियां 

क्रोनिक लीवर बीमारियां लीवर सिरोसिस एक ऐसी बीमारी है जो कई सालों से लीवर को नुकसान पहुंचाने के कारण होती है. जब किसी क्रोनिक बीमारी या कारण की वजह से लीवर को आघात पहुँचता है तब लीवर पर घाव के निशान पड़ने लगते है. इसको लीवर सिरोसिस कहा जाता है.